बैतूल: जल संरचनाओं के संरक्षण और नरवाई पर अंकुश लगाने के सख्त निर्देश, लापरवाह अधिकारियों पर होगी कार्रवाई
- Mar 23
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बैतूल, 23 मार्च 2026 सोमवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित समय सीमा की बैठक में कलेक्टर नरेन्द्र कुमार सूर्यवंशी ने जिले के विकास और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर कड़े निर्देश दिए। बैठक में जिला पंचायत सीईओ अक्षत जैन, अपर कलेक्टर वंदना जाट सहित सभी जिला अधिकारी मौजूद थे, जबकि एसडीएम और विकासखंड अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जुड़े।

जल गंगा संवर्धन अभियान में लाएं तेजी
कलेक्टर ने 'जल गंगा संवर्धन अभियान' की समीक्षा करते हुए सभी जनपद सीईओ और सीएमओ को निर्देशित किया कि पुरानी जल संरचनाओं की मरम्मत, सफाई और नवीन जल संग्रहण ढांचों का निर्माण गुणवत्ता के साथ पूरा करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि:
नवीन भवनों में रैन वाटर हार्वेस्टिंग अनिवार्य होगी।
सभी कार्यों को पोर्टल पर अपलोड किया जाए।
ताप्ती शुद्धिकरण के लिए विशेष गतिविधियां संचालित की जाएं।
नरवाई जलाने पर सख्त कार्रवाई
खेतों में नरवाई जलाने की घटनाओं पर चिंता व्यक्त करते हुए कलेक्टर ने एसडीएम को सतत निगरानी के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लापरवाही बरतने वाले एसीटीओ और पटवारी के विरुद्ध कार्रवाई की जाए। नरवाई जलाने वालों के खिलाफ जन-जागरूकता के साथ-साथ दंडात्मक कार्रवाई भी सुनिश्चित की जाए।
समय और कर्तव्य के प्रति सख्ती
कलेक्टर ने शासकीय कार्यप्रणाली में अनुशासन लाने के लिए कड़े निर्देश जारी किए:
सुबह 10 बजे के बाद आने और शाम 6 बजे से पहले जाने वाले अधिकारियों-कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई होगी।
बिना अनुमति अवकाश लेने और अनावश्यक छुट्टियों पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा।
जन शिकायतों के निराकरण में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
ई-विकास पोर्टल और अन्य महत्वपूर्ण निर्देश
कृषि गतिविधियां: अब कृषि, सहकारिता और मार्कफेड की समस्त गतिविधियां शत-प्रतिशत ई-विकास पोर्टल के माध्यम से होंगी। जिले में खाद की पर्याप्त उपलब्धता का व्यापक प्रचार करने के निर्देश दिए गए।
शिक्षा व स्वास्थ्य: स्वास्थ्य केंद्रों पर व्यवस्थाएं सुदृढ़ करने, आगामी सत्र में बच्चों का प्रवेश सुनिश्चित करने और जेईई-नीट की निशुल्क कोचिंग की समीक्षा की गई।
वंदे मातरम अभियान: 'वंदे मातरम 150 वर्ष अभियान' के तहत 26 मार्च को कलेक्ट्रेट में जिला स्तरीय कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
इसके अलावा बैठक में मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना, सिंगल यूज प्लास्टिक पर प्रतिबंध, भू-अर्जन के प्रकरणों और सड़क सुरक्षा जैसे विषयों पर भी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।











