प्रधानमंत्री ने पुडुचेरी और तमिलनाडु में ₹7,100 करोड़ से अधिक की विकास परियोजनाओं का किया लोकार्पण ModiInPuducherry, DevelopmentDrive, YouthEmpowerment
मदुरै/पुडुचेरी: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज पुडुचेरी और तमिलनाडु का दौरा कर कुल ₹7,100 करोड़ से अधिक की विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन, लोकार्पण और शिलान्यास किया। इन परियोजनाओं का मुख्य उद्देश्य बुनियादी ढांचे (Infrastructure) को मजबूत करना, कनेक्टिविटी में सुधार और रोजगार के नए अवसर पैदा करना है।
पुडुचेरी: ₹2,700 करोड़ की विकास सौगात
पुडुचेरी में प्रधानमंत्री ने ₹2,700 करोड़ से अधिक की लागत वाले कई प्रोजेक्ट्स की शुरुआत की। इस दौरान उनके संबोधन के मुख्य बिंदु रहे:
ईज ऑफ लिविंग: इन परियोजनाओं से क्षेत्र के आर्थिक विकास को गति मिलेगी और लोगों का जीवन स्तर सुधरेगा।
मेडिकल टूरिज्म: सरकार का लक्ष्य पुडुचेरी को 'मेडिकल टूरिज्म' और 'होलिस्टिक हेल्थकेयर' का एक प्रमुख केंद्र बनाना है।
युवा सशक्तिकरण: प्रधानमंत्री ने पिछले पांच वर्षों में हुए रिकॉर्ड विकास और युवाओं को सशक्त बनाने की योजनाओं पर जोर दिया।
ModiInPuducherry, DevelopmentDrive, YouthEmpowerment
तमिलनाडु (मदुरै): ₹4,400 करोड़ के बुनियादी ढांचे के कार्य
मदुरै के पवित्र शहर में प्रधानमंत्री ने ₹4,400 करोड़ से अधिक की परियोजनाओं का शिलान्यास किया। इन विकास कार्यों का विवरण इस प्रकार है:
राजमार्ग और कनेक्टिविटी:
मरक्कनम-पुडुचेरी सेक्शन: ₹2,100 करोड़ से अधिक की लागत से इसे 4-लेन बनाया जा रहा है, जिससे तटीय पर्यटन और व्यापार को मजबूती मिलेगी।
परमकुडी-रामनाथपुरम खंड: ₹1,800 करोड़ के निवेश से रामेश्वरम और धनुषकोडी जैसे तीर्थस्थलों तक पहुंच आसान होगी।
रेलवे का ऐतिहासिक परिवर्तन:
तमिलनाडु में रेलवे बजट का आवंटन 9 गुना बढ़कर अब ₹7,600 करोड़ (2026-27) हो गया है।
'अमृत भारत स्टेशन योजना' के तहत राज्य के 77 स्टेशनों का आधुनिकीकरण किया जा रहा है।
वर्तमान में तमिलनाडु में 9 वंदे भारत और 9 अमृत भारत ट्रेनें सेवाएं दे रही हैं।
भविष्य की योजनाएं: केंद्रीय बजट 2026 में तमिलनाडु को 'रेयर अर्थ कॉरिडोर' (Rare Earth Corridor) के रूप में स्थान दिया गया है, जो उच्च तकनीक निर्माण और अनुसंधान को बढ़ावा देगा।
विरासत और आधुनिकता का मेल
प्रधानमंत्री ने घोषणा की कि आदिचनल्लूर जैसे ऐतिहासिक स्थलों को वैश्विक विरासत स्थलों के रूप में विकसित किया जाएगा। साथ ही, पुलीकट झील और पोधिगई मलाई के आसपास इको-टूरिज्म को बढ़ावा देकर रोजगार के नए अवसर पैदा किए जाएंगे।
उन्होंने अंत में दोहराया कि 2047 तक 'विकसित भारत' के लक्ष्य को प्राप्त करने में तमिलनाडु की भूमिका निर्णायक होगी। "हमारा सामूहिक लक्ष्य: विकसित भारत के लिए विकसित तमिलनाडु है।"











